1मतलब
NACH (National Automated Clearing House) NPCI की सेवा है, जिससे बार-बार होने वाले, ज़्यादा संख्या वाले भुगतान अपने-आप होते हैं। इसके दो रूप हैं: NACH Debit, जिसमें आपके mandate से रक़म कटती है, और NACH Credit, जिसमें संस्थाएँ बहुत लोगों के खाते में पैसा भेजती हैं।[1]
2इसका मतलब आपके लिए क्या है
- EMI और premium अपने-आप: आपके mandate पर तय तारीख़ को रक़म कटती है।[1]
- Mandate आपके हाथ में: company से, या सीधे अपने bank से वापस ले सकते हैं।[1]
- ग़लत कटौती पर bank ज़िम्मेदार: रद्द mandate पर पैसा कटे, तो आपका bank T+1 दिन में निपटाए।[2]
3NACH कैसे चलता है
NPCI के मुताबिक हर mandate को आपका bank मंज़ूर करता है, उसके बाद ही company debit भेज सकती है। हर mandate का एक अलग नंबर UMRN (Unique Mandate Reference Number) होता है। e-mandate आप net banking या debit card से ख़ुद मंज़ूर करते हैं।
4आम ग़लतफ़हमी
5आपका अधिकार
6अभी क्या करें
- जिस काम के लिए mandate दिया था, वह पूरा हो जाए, तो mandate वापस लीजिए; 'until cancelled' वाला mandate अपने-आप ख़त्म नहीं होता।[1]
- Mandate वापस लेने के लिए company से कहिए, या सीधे अपने bank से।[1]
- e-mandate मंज़ूर करने से पहले रक़म और company का नाम जाँचिए।[1]
7सवाल-जवाब
8जुड़े शब्द
9स्रोत
- NPCI — NACH के FAQ (NACH Debit, NACH Credit, Legacy Mandate, e-Mandate), npci.org.in/faqs/nach (16 अक्टूबर 2026 को पढ़ा) ↗किस बात के लिए, दस्तावेज़ का कौन-सा हिस्सा
- NACH Debit: What is NACH?, Mandate Management System, mandate की अवधिNACH में Debit और Credit; mandate बनाना / बदलना / रद्द करना, UMRN; 50 साल या until cancelled
- NACH Debit: withdrawal of mandate (user institution / own bank)company से या सीधे अपने bank से mandate वापस; 'stop payment' जैसा; उसके बाद debit नहीं भेजना
- NACH Credit: What is NACH Credit?salary, pension, dividend, ब्याज जैसे भुगतान बहुत से लोगों को
- Legacy Mandate: disputescompany की ग़लती: company सुधारे, फिर अपना bank NPCI DMS में; bank की ग़लती: bank सुधारे
- e-Mandate (API variant): authentication, customer role, UMRN, debit कबnet banking या debit card से पुष्टि; जानकारी जाँचना ग्राहक की ज़िम्मेदारी; bank के मंज़ूर करने और UMRN active होने के बाद ही debit
- RBI — Harmonisation of Turn Around Time (TAT) and customer compensation for failed transactions using authorised Payment Systems, RBI/2019-20/67, DPSS.CO.PD No.629/02.01.014/2019-20, 20 सितंबर 2019 (15 अक्टूबर 2019 से लागू; 16 अक्टूबर 2026 को पढ़ा) ↗किस बात के लिए, दस्तावेज़ का कौन-सा हिस्सा
- पैरा 5हर्जाना बिना शिकायत, अपने-आप
- Annex, क्रम 7(a), 7(b) NACHcredit में देर: पाने वाले का bank T+1 में वापस, फिर ₹100 रोज़; mandate रद्द होने पर भी debit: ग्राहक का bank ज़िम्मेदार, T+1 में निपटारा
10सुधार का इतिहास
- पन्ना बना। NPCI के NACH FAQ और RBI के 20 सितंबर 2019 के TAT circular से जाँचा।
पन्ना बना: 16 अक्तू 2026 · आख़िरी जाँच: 16 अक्तू 2026
यह सामान्य जानकारी है, कानूनी या वित्तीय सलाह नहीं।
यह पन्ना: https://seedhamatlab.com/shabdkosh/nach/ · आख़िरी जाँच: 16 अक्तू 2026
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